Computer Ko Hindi Mein Kya Kahate Hain - कंप्यूटर को हिंदी में क्या कहते हैं

Computer Ko Hindi Mein Kya Kahate Hain - कंप्यूटर को हिंदी में क्या कहते हैं

नमस्कार दोस्तों, आज इस पोस्ट में मैने Computer Ko Hindi Mein Kya Kahate Hain - कंप्यूटर को हिंदी में क्या कहते हैं ? के बारे में जानकारी दी है जिससे आपको बहुत कुछ जानने को मिलेगा।

कंप्यूटर एक ऐसा इलेक्ट्रॉनिक यंत्र है जिसके माध्यम से आज के समय पर कुछ भी काम आसानी से किया जा सकता है। कंप्यूटर ने सभी क्षेत्र में अपना प्रभुत्व स्थापित किया है यही कारण है आज कंप्यूटर का उपयोग घर, निजी कार्यालय, सरकारी दफ्तर, स्कूल में, रेलवे स्टेशन, अस्पताल, चिकित्सा के क्षेत्र में, व्यवसाय के लिए, दस्तावेजों बनाने में, ऑनलाइन संबंधी कार्य करने में और मनोरंजन के उद्देश्य से भी इसका उपयोग होने लगा है। कंप्यूटर उन उपकरणों में से एक है जिसकी जरूरी इंसान को पड़ती ही है। अगर दस्तावेज तैयार करना हो तो बिना कंप्यूटर नहीं हो सकता, दफ्तर के कर्मचारी को कंप्यूटर का ज्ञान होना अनिवार्य है क्योंकि वहां सब काम इसी में होता है। 

कंप्यूटर इस्तेमाल करना अब आसान लगने लगा है क्योंकि ज्यादातर आबादी आज तकनीकी से जुड़ चुकी है इस वजह से कुछ बहुत तकनीकी ज्ञान सभी को हो गया है। कंप्यूटर की जरूरत रोजमर्रा की जिंदगी में पड़ती ही है जो इसपर अपना काम करते हैं उनका काम इसके बिना ठप है। कंप्यूटर का महत्व आज सबको पता चल रहा है इसलिए स्कूलों में कंप्यूटर शिक्षा उपलब्ध कराया जा रहा है। आम आदमी, हाउस वाइफ, स्कूल के बच्चे सभी कंप्यूटर शिक्षा से जुड़कर तकनीकी ज्ञान विकसित करने में लग गए हैं।

जिस तरह मोबाइल आज की जरूरत है उसी तरह कंप्यूटर भी सबके लिए महत्वपूर्ण साधन बन चुका है। आज हॉस्पिटल, स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक भवन, कार्यालय अथवा कार्य - स्थल, बैंक, दुकानों आदि जगहों में कंप्यूटर देखना आम बात हो गई है। 

कंप्यूटर सिस्टम की उपयोगिता इतनी बढ़ी है की आज घरों में पर्सनल कंप्यूटर (pc) का इस्तेमाल मनोरंजन के उद्देश्य से मूवी देखने, गाने सुनने और कार्य के मकसद से दस्तावेज बनाने, डिजिटल ड्राइंग, फोटो एडिटिंग, वीडियो - ऑडियो एडिटिंग, ऑनलाइन कार्य, कीबोर्ड टाइपिंग इत्यादि काम के लिए किया जाने लगा है। इस उपकरण में इतनी सुविधाएं होने की वजह से इंटरनेट पर कंप्यूटर रिलेटेड महत्वपूर्ण सवालों के जवाब को खोजा जाता है जिसमें एक Computer Ko Hindi Mein Kya Kahate Hain भी मुख्य है। अगर आप ज्यादातर लोगों से सीधे - सीधे पूछे की कंप्यूटर को हिंदी में क्या कहते हैं ? तो कुछ लोग इसका उत्तर नहीं दे पाएंगे और जिन्होंने इसके बारे में पढ़ा होगा वही इसके हिंदी नाम बता पाएंगे। 

आज इस लेख का मुख्य उद्देश्य आपका ज्ञान को और बढ़ाना है कंप्यूटर को हिंदी में क्या कहते हैं? के अलावा कुछ महत्वपूर्ण जानकारी इसमें सम्मिलित है।

कंप्यूटर क्या है? - What is Computer in Hindi

कंप्यूटर एक ऐसा आधुनिक यंत्र है जो जटिल कार्यों की कुछ सेकण्ड्स में करने में सक्षम है। व्यक्ति हो काम करने में कुछ दिनों का समय लगेगा उसे कंप्यूटर से मिनटों भर में किया जा सकता है, इस वजह से अब हर क्षेत्र में इसका उपयोग हो रहा है। इसकी महत्व को देखते हुए कंप्यूटर कोर्स आने लगे हैं बच्चे कंप्यूटर क्लास ज्वाइन करके इसे सीख सकते हैं। कई स्कूलों में कंप्यूटर एजुकेशन अलग से दिया जाता है। तकनिकी के फील्ड में कंप्यूटर का ज्ञान महत्वपूर्ण बन गया है। हमारे आस - पास कई स्टोर होंगे वहां भी कंप्यूटर लगे रहते हैं। ऑफिस, कार्यालयों में कंप्यूटर का उपयोग हर कर्मचारी करता है। इससे कई काम सहज रूप से करा जाता है। घंटों का काम इसने छोटा कर दिया इसी वजह से आज बैंक का काम घर पर कंप्यूटर में करना संभव है, दिन भर व्यस्त दिनचर्या में बैंक से जुड़ी कई कार्य अटक जाते हैं ऐसे में बिना बैंक जाए कंप्यूटर के इस्तेमाल से नेट बैंकिंग द्वारा समस्त बैंकिगं कार्य कुछ मिनटों में पूरा हो जाता है इससे लोगों का काफी वक्त बचता है। कम समय में ज्यादा काम करना हो तो कंप्यूटर उपयुक्त विकल्प साबित हुआ है।  

कम्प्यूटर पूरे सिस्टम के साथ काम करता है इसे चलाने में एक नहीं बल्कि कई सॉफ्टवेयर और हार्डवेयर कंपोनेंट्स काम करते हैं। इसके मुख्य भाग जिन्हें हम देख सकते हैं वह मॉनिटर, प्रिंटर, माउस, कीबोर्ड अथवा कुंजीपटल, सीपीयू और यूपीएस है।    

कंप्यूटर को हिंदी में क्या कहते हैं - Computer Ko Hindi Mein Kya Kahate Hain

Computer Ko Hindi Mein Kya Kahate Hain - कंप्यूटर को हिंदी में क्या कहते हैं

Computer एक इलेक्ट्रॉनिक उपकरण है जिसे गणना करने के उद्देश से बनाया गया था। ये एक साथ बहुत बड़े आंकड़े की गणना करने में पूरी तरह सक्षम है। अगर किसी बुद्धिमान व्यक्ति को बहुत ज्यादा काम एक साथ करने को दे दिया जाए तो भी उसे काफी वक्त लग जाएगा लेकिन कंप्यूटर को इन्हीं कार्यों को लिए डिजाइन किया गया है जो अधिक कार्य को मिनटों में करने की क्षमता रखना है। कुछ मामूली टास्क ये कुछ सेकंड्स में पूरी कर लेता है। 

इसे बनाया ही उस तरह से जाता है की इससे तार्किक व् जटिल कार्य चुटकियों में किया जा सके। अगर एक मनुष्य को इस 215486 X 684566 संख्या को गुणा करने को कहा जाए तो उसे कुछ वक्त लगेगा लेकिन अगर यही काम कंप्यूटर पर करें तो इस संख्या को गुणा करने के लिए दर्ज करके केवल एक बटन दबाते ही परिणाम सामने होगा। 

आइए इस चमत्कारी उपकरण के यानि कंप्यूटर को हिंदी में क्या कहते हैं के बारे में जानते हैं: सबसे पहले तो जान लेते हैं कि Computer शब्द कहां से आया है? तो ये अंग्रेजी के एक शब्द "Compute" से आया है इसका हिंदी अर्थ है गणना करने वाला।

कंप्यूटर को हिंदी भाषा में "संगणक" कहा जाता है इस नाम से कम लोग ही परिचित है सामान्य बोल चाल में computer शब्द ही use होता है। संगणक के अलावा इसके अभिकलित्र, अभिकलक, परिकलक इत्यादि नाम हैं।

कंप्यूटर को संस्कृत में क्या कहते हैं? - Computer Ko Sanskrit Mein Kya Kahate Hain


संस्कृत प्राचीन भाषाओं में से एक है कंप्यूटर को संस्कृत में संगणकयंत्रम् कहते हैं। यह हिंदी नाम संगणक से काफी मिलता जुलता है। स्कूलों में संस्कृत भाषा का अध्ययन कराया जाता है जिसमें कंप्यूटर को संगणकयंत्रम कहा गया है। कंप्यूट, संगणक, संगणक यंत्रम, कंप्यूटर इनमें सर्वाधिक प्रचलित नाम computer है।

लैपटॉप को हिंदी में क्या कहा जाता है - Laptop Ko Hindi Mein Kya Kahate Hain


कंप्यूटर सिस्टम के बाद लैपटॉप बनने शुरू हुए वास्तव में यह कंप्यूटर का ही पोर्टेबल रूप है जिसे जहां कहीं भी आसानी ले जाया जा सकता है, इसे बैग और हाथ में लेकर चला जा सकता है, यह पूरे कंप्यूटर सिस्टम से काफी हल्का होता है। काफी लोग ये जानना चाहते हैं की लैपटॉप को हिंदी में क्या कहते हैं? तो लैपटॉप को हिंदी में सुवाह्य संगणक कहा जाता है। इंग्लिश के Laptop शब्द में Lap का अर्थ: गोद और Top का अर्थ: ऊपर होता है, मतलब जिस उपकरण को गोद के ऊपर रखकर काम किया जाए उसे लैपटॉप या सुवाह्य संगणक कहते हैं।

कंप्यूटर का पुराना नाम क्या है

कंप्यूटर का आविष्कार कई सालों पहले हो चुका है लेकिन जब आधुनिक कंप्यूटर नहीं थे तब कई जुगाड़ अपनाए जाते थे। डंडे का प्रयोग करके पत्थर, समतल सतह के ऊपर गणितीय गणनाएं की जाती थी, इस तरह लिखावट होने की वजह से ही शिलालेखों में प्राचीन लिखावटों के प्रमाण मिलते हैं। इससे पहले चॉक के जरिए पत्थर पर जोड़ घटाव का काम होते थे। कंप्यूटर के हिंदी पुराना नाम में "संगणक" प्रमुख है। कंप्यूटर को गणना करने वाला उपकरण के रूप में जाना जाता है इससे पहले पुराने गणना वाले कुछ उपकरणों का प्रयोग होता था हैं इसलिए हम उनके नाम का विवरण लिख रहे हैं।

Abacus (अबाकस) 

यह एक उपकरण है जिसका प्रयोग गणना करने के लिए किया जाता है। इसे गणक सांचा के नाम से भी जानते हैं। पुराने समय में इस अंकगणितीय उपकरण का उपयोग एशिया के लोग जोड़ - घटाव इत्यादि में किया करते थे।

Napier’s Bones 

इसे Napier's rods के नाम से भी जानते हैं, यह भी एक उपकरण था जिसमें क्रमांकित छड़े लगी रहती थी, इसका प्रयोग किसी संख्या को 2 और 9 से गुणा करने के लिए करते थे। इस उपकरण को जॉन नेपियर ने गुणा और भाग में सहायता के लिए इसका निर्माण लगभग 400 वर्षों से पहले कर दिया था।

Pascaline (पास्कलाइन)

यह बहुत पुराना एक गणितीय मशीन था जिसे ब्लेज़ पास्कल ने विकसित किया था। इसे कुछ इस तरह डिजाइन किया गया था की इसकी मदद से दो संख्याओं को सीधे जोड़ना और घटाना संभव था, इसी माध्यम का उपयोग करके गुणा और भाग किया जाता था।

Stepped Reckoner

कंप्यूटर आने से पहले Stepped Reckoner भी एक मुख्य साधन हुआ करता था अंक गणना के लिए। इसे जर्मन गणितज्ञ गॉटफ्राइड विल्हेम वॉन लीबनिज ने बनाया था।

Difference Engine

यह स्वचालित यांत्रिक कैलकुलेटर है इस उपकरण को सर्वप्रथम Charles Babbage ने 1820 के दशक में बनाया था। यह कैलकुलेटर कई उपयोगी गणनाएं करने में सक्षम था। लंदन साइंस म्यूज़ियम में डिफरेंस इंजन उपकरण सुरक्षित रखा गया है।

Analytical Engine

यह पूरी तरह से प्रोग्राम नियंत्रित स्वचालित उपकरण था इसमें किसी भी गणना को करना आसान था। एनालिटिकल इंजन भी चार्ल्स बैबेज द्वारा डिजाइन किया गया था, इनसे पहले इस तरह का गणना उपकरण बनाने की सोची भी न थी।

Tabulating Machine (टैबलेटिंग मशीन)

हरमन होलेरिथ द्वारा आविष्कृत एक इलेक्ट्रोमैकेनिकल मशीन थी जो Punched card में stored information के summarizing के लिए बनाई गई थी।

Differential Analyzer

20th century के first half में Differential Analyzer का बहुत ज्यादा उपयोग होता था। यह उपकरण भौतिक समीकरण का अनुसरण करके उसका हल निकालने में सक्षम था।

Mark I / Harvard Mark I

ये बड़े पैमाने पर mathematical tables की गणना के लिए बनाया गया था एक इलेक्ट्रोमैकेनिकल कंप्यूटर था।

कंप्यूटर का फुल फॉर्म क्या है?

विभिन्न सवालों में Computer शब्द का full form अक्सर पूछा जाता है इसका एक - एक अक्षर का मतलब इस प्रकार है👇
  • C = Common (सी = कॉमन)
  • O = Operating (ओ = ऑपरेटिंग)
  • M = Machine (एम = मशीन)
  • P = Purposely (पी = पर्पसली)
  • U = Used for (यू = यूज्ड फॉर)
  • T = Technical (टी = टेक्निकल)
  • E = Education (ई = एजुकेशन)
  • R = Research (आर = रिसर्च)

नोट:- कंप्यूटर एक अत्यंत उपयोगी मशीन अवश्य है किन्तु असल में इसका कोई फूल फॉर्म नहीं है ये मिथक मात्र है। COMPUTER एक शब्द है जिसका कोई संक्षिप्त रूप हा विस्तृत रूप नहीं है।

कंप्यूटर के कितने भाग होते हैं?


कंप्यूटर सिस्टम के दो महत्वपूर्ण भाग होते हैं हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर। Hardware में वो सभी components आते हैं जो हमें दिखाई पड़ते हैं जैसे mouse, printer, motherboard आदि। और Software में वे चीजें आते हैं जो monitor screen में प्रदर्शित होते हैं जैसे Icon, Symbols, Mouse पॉइंटर आदि।

कंप्यूटर हार्डवेयर - 

इसमें सिस्टम के सीपीयू, मदरबोर्ड, माउस, कीबोर्ड, हार्ड डिस्क, प्रिंटर, स्कैनर, सीडी रोम, रैम, प्रोसेसर, डिस्प्ले यूएसबी ड्राइव, पेनड्राइव के अलावा वे सभी कंपोनेंट्स आते हैं जो उपयोग कंप्यूटर से कनेक्ट किए जा सकते हैं।

कंप्यूटर सॉफ्टवेयर -

सॉफ्टवेयर को मॉनिटर हम मॉनिटर स्क्रीन पर ही देख सकते हैं इसे स्पर्श करना असंभव है, माउस की मूविंग ये सॉफ्टवेयर के अंतर्गत होता है। हार्डवेयर कंपोनेंट्स से हम जो एक्टिविटी करेंगे वो सभी सॉफ्टवेयर के रूप में प्रदर्शित होंगे। माउस की सहायता से Software open, close, सभी हार्डवेयर करते हैं लेकिन इसका आउटपुट सॉफ्टवेयर के रूप में डिस्प्ले में दिखता है।

कंप्यूटर के निर्माण में कई छोटे - छोटे भाग का योगदान रहता है, cpu में usb port, audio jack, VGA cable etc. इन सब के बिना अन्य हार्डवेयर नहीं जोड़े जा सकते, अधिकतर कंपोनेंट मदरबोर्ड से अटैच रहता है और मदरबोर्ड में ही सभी तरह के कनेक्शन के लिए पोर्ट्स उपलब्ध रहते हैं जिसमें कीबोर्ड, पेनड्राइव, प्रिंटर कोई अन्य डिवाइस कनेक्ट कर सकते हैं, अपने आवश्यकता अनुसार मदरबोर्ड में अन्य जरूरी पार्ट्स अटैच किए जा सकते हैं।

कंप्यूटर के मुख्य भाग कौन से हैं?

Normally कंप्यूटर को हम बाहर से देखते हैं लेकिन अगर रिपेयरिंग करना हो तो अक्सर CPU को खोला जाता है तब आपने उसके अंदर कई complicated components देखे होंगे actually यही वो चीजें होती है जिससे computer work करता है।

Motherboard -  

ये बहुत महत्वपूर्ण चीज है ये पतले प्लेट की तरह है जिसमें कंपोनेंट्स अटैच्ड रहते हैं, जिस तरह phone में processor, battery, camera फीट रहते हैं उसी तरह Motherboard में CPU, Hard Disk, Memory, RAM, USB Port, Connector Port's ये सब रहते हैं। ये एक ऐसा स्त्रोत है जहां से monitor, mouse, printer, keyboard आदि तक power supply होता है और सारे systems काम करते हैं।

Processor - 

प्रोसेसर का नाम हम सभी ने सुना हुआ होता है यह मदरबोर्ड में लगे fan के नीचे set रहता है जिसे अवश्यकता पढ़ने पर निकाल या change किया जा सकता है। Computer का काम करने की गति Processor के कोर पर निर्भर करता है, इसलिए कंप्यूटर खरीदते वक्त हमेशा दमदार प्रोसेसर का चुनाव किया जाना चाहिए।

RAM -

जिस तरह Smartphone में RAM उपलब्ध रहता है कंप्यूटर को चलाने के लिए भी RAM जरूरी component है इसके बिना Computer में Software install नहीं कर सकते हैं कंप्यूटर को load करने में इसका महत्वपूर्ण योगदान रहता है।

Hard Disk/ Hard Drive

यह कंपोनेंट्स Computer में available File folder Like Document, Video, Audio, Image, Text इत्यादि Files को स्टोर करने का काम करता है ये कुछ उसी तरह है जिस तरह Smartphone में memory card.

Power Supply Unit

सीपीयू के बॉक्स के अंदर जहां पे पॉवर केबल कनेक्ट होता हैं वहां एक पावर सप्लाई यूनिट लगा होता है जो Power Board से Energy लेकर उसे others important components तक पहुंचा देता है, ये unit computer start करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

सर्वप्रथम कंप्यूटर का आविष्कार किसने और कब किया?

सबसे पहले मैकेनिकल कंप्यूटर का आविष्कार महान गणितज्ञ चार्ल्स बैबेज ने 1822 में किया था, इसके इन्वेंशन में Sam Pitroda का नाम भी सामने आता है। 
पहली बार कंप्यूटर आकार में बड़ा और बेसिक लगता था पर समय के साथ इसके हर एक जनरेशन में इंप्रूवमेंट आती गई और आज कंप्यूटर सिस्टम में मॉनिटर को स्लिम कर दिया गया है कंप्यूटर को पोर्टेबल रूप देने के लिए लैपटॉप बना दिया गया है जिसे गोद में लेकर काम करना संभव हो गया है।

कंप्यूटर ने दुनिया में क्रांति तब लाई जब पर्सनल कंप्यूटर बनने लगे। सबसे पहले personal computer का अविष्कार 1971 में किया गया उसका नाम Kenbak-1 रखा गया था। पर्सनल कंप्यूटर को आम लोगों के लिए उपलब्ध कराने के लिए आसान ऑपरेटिंग सिस्टम डिजाइन किया गया और आज मुख्य रूप से विंडोज और मैक पर्सनल कंप्यूटर का बहुत ज्यादा उपयोग होने लगा है।

भारत में कंप्यूटर युग की शुरुआत

हमारे देश भारत में कंप्यूटर युग की सन् 1952 को Statistical Institute को कोलकाता से हुई थी। भारत में 1952 को प्रथम एनालॉग कंप्यूटर में स्थापित किया गया था। बेंगलुरु के भारतीय विज्ञान संस्थान में भी एनालॉग कंप्यूटर सिस्टम स्थापित किया गया था लेकिन फिर भी भारत में कंप्यूटर प्रचलित नहीं था। वास्तव में इसकी शुरुआत सन् 1956 में हुई थी इस दौरान इलेक्ट्रोनिक डिजिटल कंप्यूटर HEC - 2M को कोलकाता में ही स्थापित किया गया था। इस तरह भारत में कंप्यूटर की उपयोगिता बढ़ी, दफ्तरों में, अस्पताल, रेलवे स्टेशन आदि जगहों पर कंप्यूटर उपयोग होने लगे हैं। अब आपको पता चल गया होगा की भारत में कम्प्यूटर युग कैसे शुरू हुई, 1956 के बाद से ही भारत ने कंप्यूटर तकनीक को अपनाया था।

Conclusion - 

इस लेख के जरिये हमने Computer Ko Hindi Mein Kya Kahate Hain - कंप्यूटर को हिंदी में क्या कहते हैं? की जानकारी दी है। इसके साथ में कंप्यूटर से जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण पहलुओं पर चर्चा की है। ये सारी जानकारी हमने अपनी रिसर्च के मुताबिक इस लेख में प्रस्तुत किया है, यदि आपको यह आर्टिकल कंप्यूटर को हिंदी में क्या कहते हैं पसंद आया तो इसे अपने मित्रों साथ जरूर शेयर करें। 

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